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पूर्वी भारत की पारंपरिक बाढ़ सहिष्णु धान की किस्में

डॉ. कुन्तल दास, वरिष्ठ विशेषज्ञ, बीज प्रणाली और उत्पाद प्रबंधन (अनुसंधान, प्रजनन नवाचार मंच), अंतर्राष्ट्रीय चावल अनुसंधान संस्थान, दक्षिण एशिया क्षेत्रीय केंद्र, वाराणसी, उत्तर प्रदेश धान भारतीय कृषि में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है, जो करीब ४५० लाख हेक्टेयर पर खेती की जाती है और करीब ११२० लाख टन उपज देता है (२०१७-२०१८)। हरित क्रांति […]

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Top 5 Agritech Startups in India that are Empowering Farmers

Over the last 50 years, the agriculture industry has undergone significant changes. Farm equipment has grown in size, speed, and productivity as a result of technological advancements, allowing for more efficient cultivation of more land. Seed, irrigation, and fertilizers have all improved dramatically, allowing farmers to enhance harvests. Agriculture is now in the midst of […]

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How is technology propelling India’s new-age agri revolution?

This year’s watchword has been digitization, and technology-driven solutions have slowly but steadily begun to change many areas of the economy. Until recently, the agriculture sector, which accounts for roughly 20% of India’s GDP, was an exception. Improved efficiency, connectivity, knowledge exchange, and numerous crucial and supporting activities are now available at the touch of […]

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ग्रीष्मकालीन मौसम में लौकी की उन्नत उत्पादन तकनीक

परिचय: भारतीय धार्मिक ग्रंथों में, कई प्रकार की कद्दुवर्गीय (कुक्कुरबीटीय) सब्जियों के बारे में उल्लेख किया गया था। इनमें लौकी का विशिष्ट स्थान है। लौकी की सब्ज़ी अपने पौष्टिकता से भरपूर होती है। लौकी में, फॉस्फोरस, लोहा, कैल्शियम, तांबा, पोटेशियम, प्रोटीन, विटामिन ए, बी 1, बी 2 और सी) का स्रोत है और मधुमेह, बवासीर, […]

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धान के बदले मूंगफली की खेती…एक एकड़ में 8 क्विंटल का उत्पादन और 48 हजार की आमदनी…

छुरा विकासखण्ड के ग्राम खुडियाडीह के किसान धनकुमार साहू इन दिनों मूंगफली की खेती कर विशेष पहचान बना ली है। उन्होंने परम्परागत धान की खेती के बदले मूंगफली की खेती करना प्रारंभ किया। जिससे उन्हें धान की तुलना में अतिरिक्त लाभ हुआ। किसान धनकुमार से बताया कि उनकी कुल भूमि का रकबा 1.30 हेक्टेयर है। […]

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कोदो-कुटकी-रागी उत्पादन को बढ़ावा देने हो रहे खास प्रयास…जानें इस फसल के बारे में…

छत्तीसगढ़ में मिलेट्स के उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए प्रारंभ किए गए मिलेट मिशन के तहत प्रदेश में कोदो-कुटकी और रागी के उत्पादन रकबे में बढ़ोत्तरी के लिए कार्ययोजना बनाई जाएगी। प्रदेश में वर्तमान में 69 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में इन फसलों का उत्पादन किया जाता है। अगले खरीदी वर्ष तक फसल उत्पादन के […]

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बटरनट स्व्कैश की खेती और व्यापारिक लाभ…

बटरनट वैसे तो एक फल है, लेकिन इसका इस्तेमाल सब्जी के रूप में ज्यादा होता है। कद्दू की तरह दिखने की वजह से इसे बटरनट कद्दू भी कहा जाता है। इसका छिलका पीला रंग और गुदा नारंगी होता है और इसका स्वाद कद्दू-अखरोट जैसा मीठा होता है। कद्दू की भांति ही यह बेल पर उगता […]

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ईसबगोल की खेती…

ईसबगोल एक झाड़ीनुमा औषधीय फसल है। इसका इस्तेमाल आईस्क्रीम और अन्य चिकने पदार्थों को बनाने में किया जाता है। इसका उत्पत्ति स्थान मिस्र तथा ईरान है, लेकिन अब इसकी खेती भारत, मालवा और सिंध में भी की जाने लगी है। भारत में इसकी खेती गुजरात, राजस्थान, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, पंजाब आदि में होती […]

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कम समय में ज्यादा मुनाफा कमाना हो तो करें कमल के फूल की खेती…

कमल के फूल बहुउपयोगी होते हैं। पूजा पाठ में तो कमल के फूलों की अच्छी खासी मांग होती है। इसके अलावा कमल के डंठल और तने भी उपयोगी हैं। कमल के फूल के बारे में कहा जाता है कि ये तालाब या झील के गंदे पानी में उगता है, लेकिन ऐसा जरूरी नहीं है। अगर […]